
ऋषिकेश
ऋषिकेश नगर निगम के गोविंद नगर स्थित डंपिंग ग्राउंड में उस समय विवाद हो गया, जब एक ट्रक अवैध रूप से भारी मात्रा में कचरा डंप करने पहुंचा। स्थानीय निवासियों की सतर्कता के कारण इस अवैध प्रयास को नाकाम कर दिया गया। नगर निगम प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी ट्रक चालक और संबंधित पक्षों के खिलाफ ऋषिकेश कोतवाली में तहरीर देकर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, दिनदहाड़े एक ट्रक कई कुंतल कचरा लेकर गोविंद नगर डंपिंग ग्राउंड पहुंचा। ट्रक को कचरा खाली करने की कोशिश करते देख स्थानीय निवासी भड़क गए और उन्होंने तुरंत ट्रक चालक को पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान चालक ने दावा किया कि ठेकेदार के पास नगर निगम की अनुमति है और उसने लोगों को गुमराह कर ट्रक खाली करने का प्रयास किया। हालांकि, स्थानीय लोगों के भारी विरोध और गुस्से के आगे चालक की एक न चली। हंगामे की सूचना मिलते ही नगर निगम के अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। जब अधिकारियों ने कागजों की जांच की और चालक से जवाब-तलब किया, तो पता चला कि ट्रक के पास डंपिंग ग्राउंड में कचरा गिराने की कोई वैध अनुमति नहीं थी। मामले में तत्काल एक्शन लेते हुए सहायक नगर आयुक्त चंद्रकांत भट्ट ने बताया कि अवैध रूप से डंपिंग ग्राउंड में कचरा डंप करने के इस मामले को गंभीरता से लिया गया है। इस संबंध में कोतवाली पुलिस को लिखित तहरीर दी जा रही है ताकि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके।
दशकों से परेशान हैं स्थानीय निवासी, रात में भी अवैध डंपिंग की आशंका
क्षेत्रीय निवासी जगजीत सिंह ने बताया कि गोविंद नगर के लोग पिछले कई दशकों से डंपिंग ग्राउंड में सड़ रहे कचरे और उससे उठने वाली बदबू से पहले ही बेहद परेशान हैं। ऐसे में यदि बाहर का कचरा भी चोरी-छिपे यहां डाला जाएगा, तो स्थानीय लोगों का जीना दूभर हो जाएगा। स्थानीय निवासियों ने आशंका जताई है कि जिस तरह दिन के उजाले में यह कोशिश की गई, मुमकिन है कि रात के अंधेरे में भी इसी तरह अवैध रूप से कचरा यहां डंप किया जा रहा हो। क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि इस डंपिंग ग्राउंड पर रात के समय विशेष निगरानी रखी जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर पूरी तरह रोक लग सके।
