
ऋषिकेश
गंगा की पावन लहरें गवाह हैं कि कैसे इस देवभूमि को नशे के सौदागरों ने ‘नर्क’ बना दिया है। सोमवार को ऋषिकेश कोतवाली में आयोजित बैठक के दौरान जो शिकायतों का नजारा दिखा, उसने साबित कर दिया कि जनता का सब्र अब टूट रहा है।
“साहब! पुलिस आती है, मिलकर जाती है!” – जनता का सीधा वार

बैठक में नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने जो कड़वे सच उगले, उसने पुलिस के दावों की धज्जियां उड़ा दीं। जनता ने सीधे थानेदारों के मुंह पर कहा:
सफेदपोश ज़हर: श्यामपुर और ऋषिकेश के चप्पे-चप्पे पर शराब और ‘सूखा नशा’ (स्मैक-चरस) राशन की दुकान की तरह बिक रहा है। शिकायत करो तो पुलिस आती है, औपचारिकता निभाती है और चली जाती है। धंधा वैसे ही चालू रहता है। जनता ने साफ पूछा—”आखिर इस अवैध धंधे को किसका संरक्षण है। प्रतिबंध क्यों नहीं लगता।
अपराधियों का ‘ओपन हाउस’: न वेरिफिकेशन, न चोरियों पर लगाम
शहर में चोरियां ऐसे हो रही हैं जैसे अपराधियों में खाकी का खौफ ही ना हो। वक्ताओं ने पुलिस को घेरा कि बाहर से आकर यहां डेरा जमाने वाले संदिग्धों का 100% सत्यापन क्यों नहीं होता। क्या पुलिस किसी बड़े कांड का इंतज़ार कर रही है।

सड़कों पर ‘डग्गामार’ राज: जाम में घुटती जनता, अतिक्रमण में डूबा शहर
ऋषिकेश की सड़कों का हाल यह है कि पैदल चलना भी सज़ा बन गया है। बैठक में ट्रैफिक और अतिक्रमण का मुद्दा भी बुरी तरह गरमाया। सड़कों पर अवैध डग्गामार गाड़ियां सीना तानकर दौड़ रही हैं और ट्रैफिक पुलिस तमाशा देख रही है। पुलिस कहती है फोर्स कम है’… तो क्या कानून व्यवस्था सुधारने जनता डंडा लेकर सड़क पर उतरे।
साहबों ने डायरी तो भरी, अब एक्शन का इंतजार
जनता की शिकायतें सुनते-सुनते पुलिस क्षेत्राधिकारी तुषार बोरा और कोतवाल यशपाल सिंह बिष्ट ने सुझाव नोट किये। साहबों ने ‘आश्वासन’ दिया कि—”जल्द ही धरातल पर एक्शन दिखेगा।” अब देखना यह है कि यह एक्शन ‘धरातल’ पर दिखता है या सिर्फ डायरी के पन्नों में ही दफन हो जाता है।
पुलिस को ‘आईना’ दिखाने वाले शूरवीर:
इस बैठक में व्यापार मंडल के अध्यक्ष ललित मोहन मिश्रा, महामंत्री प्रतीक कालिया, रवि जैन, जुझारू सामाजिक कार्यकर्ता वीरेंद्र भारद्वाज, सतवीर सिंह भंडारी, सुरेंद्र सिंह नेगी, एकांत गोयल, मुस्कान चौधरी, लव कंबोज और युवा तुर्क छात्र संघ अध्यक्ष मयंक भट्ट व अन्य उपस्थित रहे। खाकी की तरफ से सफाई देने के लिए वरिष्ठ उप निरीक्षक भारत सिंह रावत और आईडीपीएल चौकी प्रभारी विवेक राठी भी मौजूद रहे।
