

ऋषिकेश
रक्षाबंधन के पर्व पर राखी बांधने के शुभ मुहूर्त को लेकर श्रद्धालुओं में अक्सर असमंजस की स्थिति बनी रहती है। इस संबंध में ऋषिकेश स्थित खाटू श्याम मंदिर के पुजारी आचार्य लालमणि व्यास ने महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है।
मंदिर के पुजारी लालमणि व्यास ने बताया कि रक्षाबंधन का त्योहार भाई-बहन के अटूट प्रेम का प्रतीक है और इसे सभी को पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाना चाहिए। इस वर्ष मुहूर्त और भद्रा काल को स्पष्ट करते हुए उन्होंने समय सारिणी साझा की:
- पूर्णिमा तिथि: 27 अगस्त सुबह 9:06 बजे से शुरू होकर 28 अगस्त सुबह 9:45 बजे तक रहेगी।
- भद्रा काल: 27 अगस्त को सुबह 9:06 बजे से रात 9:30 बजे तक भद्रा काल रहेगा।
- शुभ मुहूर्त: रात के समय रक्षाबंधन मनाना उचित नहीं माना जाता है, इसलिए 28 अगस्त को सुबह सूर्योदय के बाद से सुबह 9:45 बजे तक रक्षाबंधन का सबसे शुभ समय रहेगा। इस दौरान किसी भी प्रकार का भद्रा काल नहीं रहेगा।
पुजारी लालमणि व्यास ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे किसी दुविधा में न पड़ें और शुभ मुहूर्त का ध्यान रखते हुए रक्षाबंधन का यह पवित्र पर्व श्रद्धा और आनंद के साथ मनाएं। शुभ मुहूर्त के बाद भी रक्षाबंधन मनाने में कोई दिक्कत नहीं है।
