ऋषिकेश
बेटी दिवस के शुभ अवसर पर विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़े प्रमुख समाजसेवी, अंतरराष्ट्रीय गढ़वाल महासभा के संस्थापक अध्यक्ष एवं अखिल भारतीय सनातन संगठन के राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. राजे नेगी ने समस्त प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बेटियां और वन, दोनों ही मानव जीवन के सबसे अमूल्य धन हैं।
डॉ. राजे नेगी ने बेटियों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बेटियां केवल किसी एक परिवार की नहीं, बल्कि पूरे समाज और राष्ट्र की शान होती हैं। उन्होंने कहा, “जिस प्रकार वन पर्यावरण, जल और जीवन की रक्षा करते हैं, ठीक उसी प्रकार बेटियां संस्कार, संवेदना और समाज के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला हैं।” डॉ. नेगी ने जोर देकर कहा कि आज समय की मांग है कि ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान के साथ-साथ ‘वन संरक्षण’ को भी एक व्यापक जनआंदोलन बनाया जाए।

समाजसेवी डॉ. नेगी ने आमजन से अपील की कि प्रत्येक बेटी को समान शिक्षा, सुरक्षा, सम्मान और प्रगति के अवसर प्रदान किए जाएं, ताकि वे अपने सपनों को पूरा कर सकें। इसमें परिवार और समाज दोनों को अपनी सकारात्मक भूमिका निभानी होगी।
इसके साथ ही, पर्यावरण सुरक्षा का संदेश देते हुए उन्होंने आह्वान किया कि हर परिवार कम से कम एक पौधा अवश्य लगाए और उसके संरक्षण का संकल्प ले, ताकि आने वाली पीढ़ियों को एक सुरक्षित, स्वच्छ और हरित भविष्य मिल सके।
अपने संदेश के अंत में उन्होंने कहा, “बेटी है तो कल है, और वन हैं तो जीवन है।” यही पावन संदेश आज बेटी दिवस पर हम सभी का सामूहिक संकल्प होना चाहिए।
