नीदरलैंड
भारत के 11वें राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस के अवसर पर नीदरलैंड में विशेष अंतरराष्ट्रीय ज्ञान एवं संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में यूरोप के चिकित्सकों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए मुख्य वक्ता अंतरराष्ट्रीय आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. डीके श्रीवास्तव ने यूरोपीय चिकित्सा समुदाय के सामने आयुर्वेद के मूल सिद्धांतों को विस्तार से रखा। डॉ. श्रीवास्तव ने बताया कि आधुनिक युग की बदलती जीवनशैली और लगातार बढ़ती स्वास्थ्य चुनौतियों के बीच केवल बीमारियों का इलाज काफी नहीं है। आयुर्वेद आहार, नियम और प्राकृतिक स्वास्थ्य संरक्षण के माध्यम से एक संपूर्ण जीवनशैली प्रदान करता है। कार्यक्रम के दौरान यूरोपीय चिकित्सकों ने माना कि आयुर्वेद का प्राचीन ज्ञान आज के दौर में बेहद प्रासंगिक है। उन्होंने आयुर्वेद को आधुनिक चिकित्सा विज्ञान और वैज्ञानिक अनुसंधान के साथ एकीकृत करने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया। यूरोपीय विशेषज्ञों ने यूरोपीय देशों में आयुर्वेद चिकित्सा से मरीजों को मिल रहे स्वास्थ्य लाभों का विशेष रूप से उल्लेख किया और भारत की इस प्राचीन चिकित्सा पद्धति के प्रति आभार व्यक्त किया। डॉ. श्रीवास्तव ने अपने संबोधन में कहा कि आयुर्वेद की समृद्ध ज्ञान परंपरा और आधुनिक विज्ञान का सही समन्वय पूरे विश्व के लिए स्वास्थ्य और आरोग्य की एक नई राह खोल सकता है। इस सफल आयोजन का मुख्य उद्देश्य आयुर्वेद के वैज्ञानिक एवं समग्र दृष्टिकोण को अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा समुदाय के साथ साझा करना और वैश्विक स्तर पर इसके प्रसार को बढ़ावा देना था।
