

ऋषिकेश
अब बड़ी खबर ऋषिकेश से है जहां बेटी की शादी की तैयारी में जुटी एक मां की खुशियां पलक झपकते ही उस समय आंसुओं में बदल गई जब बैंक के लॉकर से निकाले लाखों रुपए के जेवरात और नकदी रहस्यमय तरीके से घर जाते वक्त गायब हो गई। हालांकि पुलिस ने पीड़ित मां की आंखों में आंसू ज्यादा समय तक रहने नहीं दिए। पुलिस ने 24 घंटे में ही इस रहस्यमय मामले का पर्दाफाश करते हुए जेवरात और नगदी बरामद कर ली। पुलिस के मुताबिक मंशा देवी निवासी सुमन राणा अपनी बेटी के हाथ पीले करने के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा के लॉकर से साड़े 16 लाख के सोने-चांदी के आभूषण और 64 हजार रुपये की नगदी निकालकर घर लौट रही थीं। रास्ते में भरत विहार गेट के पास वह केले खरीदने के लिए फल के ठेले पर रुकी। फल लेने के बाद सुमन सुकून से घर पहुंची। घर पर सुमन ने जैसे ही पर्स खोला उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। पर्स में रखे गहने और नगदी थी। सन्नाटे में डूबी महिला को फल विक्रेता पर शक हुआ और उन्होंने पुलिस को शिकायत दी। शिकायत मिलते ही आईडीपीएल चौकी प्रभारी अमित कुमार की टीम सक्रिय हुई। मौके पर जाकर देखा तो फल विक्रेता की ठेली बंद थी। कोतवाल यशपाल सिंह बिष्ट ने बताया कि फल विक्रेता अपना बोरिया-बिस्तर समेटकर ट्रेन पकड़कर बिहार फरार होने ही वाला था कि पुलिस ने योगनगरी रेलवे स्टेशन के पास घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। आरोपी की पहचान राजकुमार निवासी बेतिया, बिहार के रूप में हुई। पुलिस की कड़ाई के आगे फल विक्रेता ने कबूला कि उसने बातों-बातों में महिला का ध्यान भटकाकर पर्स उड़ा दिया था। पुलिस ने गहने और नगदी बरामद कर ली है और आरोपी को कोर्ट के आदेश पर जेल भेज दिया है।
